BHAIRO PRASAD MISHRA | भैरो प्रसाद मिश्रा | बांदा-चित्रकूट के पूर्व सांसद
बांदा-चित्रकूट के पूर्व सांसद एवं बुंदेलखंड के विकास के लिए समर्पित जननेता
भैरों प्रसाद मिश्रा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता एवं बांदा लोकसभा क्षेत्र (उत्तर प्रदेश) से 16वीं लोकसभा (2014–2019) के पूर्व सांसद रहे हैं। बुंदेलखंड क्षेत्र की राजनीति में उनका महत्वपूर्ण स्थान रहा है। कृषि, सहकारिता, ग्रामीण विकास और जनसेवा से जुड़े लंबे सार्वजनिक जीवन के बाद उन्होंने उत्तर प्रदेश विधानसभा से लेकर भारतीय संसद तक जनता का प्रतिनिधित्व किया।
वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी के रूप में बांदा संसदीय क्षेत्र से विजय प्राप्त कर संसद में प्रवेश किया। इससे पूर्व वे उत्तर प्रदेश विधानसभा के सदस्य, जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष तथा बुंदेलखंड विकास निगम के उपाध्यक्ष जैसे महत्वपूर्ण पदों पर कार्य कर चुके हैं।
व्यक्तिगत परिचय
विवरण जानकारी पूरा नाम भैरों प्रसाद मिश्रा जन्म तिथि 7 सितम्बर 1958 जन्म स्थान ग्राम हनुवा, जनपद चित्रकूट, उत्तर प्रदेश पिता स्वर्गीय राजा भाई मिश्रा माता श्रीमती सोनिया देवी मिश्रा पत्नी श्रीमती चिंता देवी मिश्रा संतान तीन पुत्र एवं एक पुत्री राजनीतिक दल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) व्यवसाय कृषि एवं व्यवसाय स्थायी निवास कर्वी, जनपद चित्रकूट, उत्तर प्रदेश
शिक्षा
भैरों प्रसाद मिश्रा ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा चित्रकूट क्षेत्र में प्राप्त की। उन्होंने चित्रकूट इंटर कॉलेज, कर्वी से इंटरमीडिएट (12वीं) उत्तीर्ण किया तथा इसके बाद जमुना क्रिश्चियन कॉलेज (आईसीसी), इलाहाबाद में अध्ययन किया। निर्वाचन आयोग के समक्ष प्रस्तुत शपथपत्र के अनुसार उनकी शैक्षणिक योग्यता इंटरमीडिएट (12वीं उत्तीर्ण) है।
राजनीतिक जीवन
भैरों प्रसाद मिश्रा का सार्वजनिक एवं राजनीतिक जीवन चार दशकों से अधिक समय तक सक्रिय रहा है। उन्होंने सहकारिता, ग्रामीण विकास, विधानसभा और संसद—सभी स्तरों पर जनप्रतिनिधि के रूप में कार्य किया।
प्रमुख दायित्व
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अध्यक्ष, जिला सहकारी बैंक, बांदा (1991–1992)
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सदस्य, उत्तर प्रदेश विधानसभा (1993–1995)
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उपाध्यक्ष, बुंदेलखंड विकास निगम, उत्तर प्रदेश (2008–2009)
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सांसद, 16वीं लोकसभा, बांदा संसदीय क्षेत्र (2014–2019)
2014 लोकसभा चुनाव
वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में भैरों प्रसाद मिश्रा ने भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी के रूप में बांदा लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा और विजय प्राप्त की। यह चुनाव भारतीय जनता पार्टी के ऐतिहासिक जनादेश का हिस्सा था।
निर्वाचन आयोग को प्रस्तुत शपथ पत्र के अनुसार—
- व्यवसाय – कृषि एवं व्यवसाय
- शैक्षणिक योग्यता – इंटरमीडिएट
- घोषित कुल संपत्ति – लगभग ₹5 करोड़
- घोषित देनदारियां – लगभग ₹3 लाख
शपथ पत्र में दो आपराधिक प्रकरणों का उल्लेख किया गया था। यह जानकारी उम्मीदवार द्वारा निर्वाचन आयोग के समक्ष अनिवार्य रूप से घोषित की गई थी और इसका अर्थ किसी दोष सिद्धि से नहीं है।
सांसद के रूप में सक्रिय एवं प्रभावशाली कार्यकाल
16वीं लोकसभा में भैरों प्रसाद मिश्रा ने अपनी सक्रिय संसदीय भूमिका से अलग पहचान बनाई। उन्होंने बुंदेलखंड की समस्याओं और विकास से जुड़े विषयों को लगातार संसद में प्रमुखता से उठाया।
पीआरएस लेजिस्लेटिव रिसर्च (PRS Legislative Research) के अनुसार उनका संसदीय प्रदर्शन अत्यंत प्रभावशाली रहा—
- 100 प्रतिशत उपस्थिति
- 2,095 से अधिक संसदीय चर्चाओं में सहभागिता
- 545 से अधिक प्रश्न संसद में पूछे
- 21 निजी विधेयक (Private Member Bills) प्रस्तुत किए
यह आँकड़े उन्हें 16वीं लोकसभा के सबसे सक्रिय सांसदों में शामिल करते हैं।
संसदीय समितियों में योगदान
सांसद रहते हुए उन्होंने अनेक महत्वपूर्ण संसदीय समितियों में सदस्य के रूप में कार्य किया, जिनमें प्रमुख हैं—
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मानव संसाधन विकास संबंधी स्थायी समिति
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ग्रामीण विकास मंत्रालय की परामर्शदात्री समिति
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पंचायती राज समिति
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पेयजल एवं स्वच्छता समिति
बुंदेलखंड के विकास में उल्लेखनीय योगदान
भैरों प्रसाद मिश्रा को बुंदेलखंड के विकास के लिए निरंतर संघर्ष करने वाले जनप्रतिनिधि के रूप में जाना जाता है। सांसद के रूप में उन्होंने क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं को संसद और केंद्र सरकार के समक्ष मजबूती से रखा तथा अनेक जनहित के विषयों पर सक्रिय पहल की।
उनके कार्यकाल में विशेष रूप से निम्न विषयों को प्रमुखता मिली—
- बुंदेलखंड के समग्र विकास की निरंतर पैरवी।
- बुंदेलखंड विकास पैकेज की प्रभावी मांग एवं क्षेत्रीय विकास के लिए लगातार प्रयास।
- रेलवे विकास से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण मुद्दों को संसद में उठाना।
- रेलवे लाइनों के दोहरीकरण (Doubling) की मांग और उसके लिए प्रयास।
- रेल मार्गों के विद्युतीकरण (Railway Electrification) को गति दिलाने के लिए लगातार पहल।
- सड़क, सिंचाई, पेयजल, कृषि, शिक्षा एवं ग्रामीण आधारभूत संरचना के विकास से जुड़े सैकड़ों जनहित के विषयों को संसद में उठाना।
- किसानों, युवाओं, व्यापारियों एवं ग्रामीण जनता की समस्याओं को राष्ट्रीय स्तर पर प्रमुखता से रखना।
उन्होंने बुंदेलखंड को विशेष आर्थिक एवं आधारभूत संरचना विकास योजनाओं से जोड़ने के लिए लगातार आवाज उठाई। क्षेत्र के विकास, रोजगार, कृषि और रेलवे नेटवर्क के विस्तार से संबंधित अनेक विषय संसद की कार्यवाही का हिस्सा बने।
जनसेवा के प्रति समर्पण
भैरों प्रसाद मिश्रा को ऐसे जनप्रतिनिधि के रूप में जाना जाता है जिन्होंने राजनीति को केवल सत्ता का माध्यम न मानकर जनसेवा का साधन बनाया। वे सदैव जनता के बीच रहकर उनकी समस्याओं के समाधान के लिए सक्रिय रहे।
जनहित के मुद्दों पर उनकी स्पष्ट एवं दृढ़ भूमिका के कारण वे बुंदेलखंड में एक जमीनी, सुलभ एवं जनप्रिय नेता के रूप में पहचाने जाते हैं। सामाजिक कार्यों, सार्वजनिक कार्यक्रमों तथा क्षेत्रीय विकास के प्रयासों में उनकी सक्रिय भागीदारी रही है।
आज भी बांदा-चित्रकूट संसदीय क्षेत्र के अनेक लोग उन्हें अपने सांसद के रूप में सम्मानपूर्वक याद करते हैं। क्षेत्र की जनता के बीच उनका निरंतर संपर्क और जनसमस्याओं के प्रति उनकी संवेदनशीलता उन्हें एक लोकप्रिय जननेता के रूप में स्थापित करती है।
सार्वजनिक छवि
भैरों प्रसाद मिश्रा की पहचान एक सरल, सहज, कर्मठ एवं जनसरोकारों से जुड़े नेता की रही है। वे सदैव जनहित के मुद्दों पर अडिग रहने, जनता की आवाज को संसद तक पहुँचाने तथा विकास कार्यों के लिए निरंतर प्रयास करने वाले जनप्रतिनिधि के रूप में जाने जाते हैं।
बुंदेलखंड की जनता उन्हें आज भी अपने क्षेत्र के विकास के लिए समर्पित पूर्व सांसद के रूप में सम्मान देती है और अनेक लोग उन्हें आज भी अपना सांसद मानते हैं।
2014 चुनावी शपथपत्र (मुख्य तथ्य)
विवरण
जानकारी
राजनीतिक दल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) लोकसभा क्षेत्र बांदा (उत्तर प्रदेश) व्यवसाय कृषि एवं व्यवसाय शिक्षा इंटरमीडिएट घोषित कुल संपत्ति ₹5 करोड़ से अधिक घोषित देनदारियां ₹3 लाख से अधिक घोषित आपराधिक प्रकरण 2 (निर्वाचन शपथपत्र के अनुसार) भैरों प्रसाद मिश्रा का सार्वजनिक जीवन बुंदेलखंड की राजनीति, सहकारिता, विधानसभा और भारतीय संसद तक फैला हुआ है। सांसद के रूप में उन्होंने रेलवे विकास, रेल लाइनों के दोहरीकरण एवं विद्युतीकरण, बुंदेलखंड विकास पैकेज, किसानों की समस्याओं, पेयजल, सिंचाई, सड़क, शिक्षा तथा क्षेत्रीय विकास जैसे सैकड़ों जनहित के विषय संसद में प्रभावी ढंग से उठाए।
उनकी सक्रिय संसदीय भागीदारी, उत्कृष्ट उपस्थिति, विकासोन्मुख दृष्टिकोण और जनसेवा के प्रति समर्पण ने उन्हें बुंदेलखंड के प्रमुख जननेताओं में स्थापित किया। जनहित के प्रति उनकी प्रतिबद्धता और जनता के साथ निरंतर जुड़ाव के कारण आज भी बांदा-चित्रकूट की बड़ी संख्या में लोग उन्हें सम्मानपूर्वक अपना सांसद मानते हैं।

BHAIRO PRASAD MISHRA | भैरो प्रसाद मिश्रा | बांदा-चित्रकूट के पूर्व सांसद